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Congress: कॉंग्रेस की हिंदू विरोधी विचारधारा एक बार फिर बेनकाब,सुधाकरन ने उड़ाया भगवान श्रीराम का मजाक

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Congress: काँग्रेसी नेता हिंदू देवी देवताओं का उपहास उड़ाने का कोई मौका नहीं छोड़ते हैं। इसी कड़ी में एक नया नाम के सुधाकरन का जुड़ गया है। वैसे तो केरल प्रदेश काँग्रेस समिति के अध्यक्ष के. सुधाकरन अक्‍सर अपने अजीबोगरीब बयानों के लिए सुर्खियों में रहते हैं, लेकिन इस बार तो उन्होंने भगवान श्रीराम का अपमान किया है। उन्होंने एक अखबार को दिए साक्षात्कार में न सिर्फ भगवान राम, माँ सीता और लक्ष्‍मण का अपमान किया, बल्कि रामायण में वर्णित तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर पेश किया।

Congress: आखिर कैसै कोई विश्वास करे काँग्रेस पर कभी कंठी माला पहन कर मंदिर में बैठ जाते हैं राहुल गांधी और प्रियंका वाड्रा और कभी ये कहते है कि छिछोरे लोग मंदिर लड़कियों को छे़ड़ने जाते हैं।

किसी ने सच ही कहा है कि जैसा नेता वैसा ही प्रजा और कॉंग्रेस इस पूरी कहानी को सच सबित करती दिख रही है और तो और कॉंग्रेसी अब भागवान का भा मजाक उड़ाने लगे हैं

दरअसल, उन्‍होंने द न्यू इंडिया एक्सप्रेस अखबार को एक साक्षात्कार (16 अक्टूबर, 2022) को दिया था। एक सवाल में उनसे पूछा गया था कि दक्षिण केरल और मालाबार के नेता कैसे अलग हैं।

Congress: उन्‍होंने कहा, “हाँ ऐतिहासिक रूप से अंतर है। मैं आपको एक कहानी सुनाता हूँ। भगवान राम रावण का वध करने के बाद अपनी पत्नी सीता और भाई लक्ष्‍मण के साथ पुष्‍पक विमान से आ रहे थे। जब विमान केरल के दक्षिणी क्षेत्र से गुजर रहा था, लक्ष्मण के मन में राम को समुद्र में धकेलने और सीता के साथ जाने का विचार आया।”

उन्होंने ये भी कहा कि “जैसे ही वह थिरुसुर पहुँचे, उनका विचार बदल गया। इस पर भगवान राम ने उनके कंधे पर थपथपाते हुए कहा था कि उन्होंने लक्ष्मण के मन को पढ़ लिया था और यह उनकी (लक्ष्मण) नहीं, बल्कि उस भूमि (दक्षिणी केरल) की गलती थी।”

उनके बयान की व्‍यापक रूप से आलोचना हुई और अंत में उन्हें अपना बयान वापस लेना पड़ा। ‘अमर उजाला’ की रिपोर्ट के अनुसार, सुधाकरन ने बयान वापस लेते हुए कहा कि यह मालाबार क्षेत्र में एक प्रचलित कहानी है, जिसे सुनकर वह बड़े हुए हैं। उन्होंने कहा, “मैंने जो कहानी सुनी थी, उसी को सुनाया था। मेरा मकसद किसी को ठेस पहुँचाना नहीं था।”

वहीं भाजपा के आईटी सेल के प्रमुख अमित मालवीय ने आज (18 अक्‍टूबर, 2022) कॉन्‍ग्रेस के हिंदू विरोधी मानसिकता पर सवाल उठाया है। उन्होंने कहा, “एक राज्य (केरल) जहाँ से कॉन्ग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गाँधी सांसद है और अपनी ‘भारत जोड़ो यात्रा’ के लिए अधिकतम समय (18 दिन) बिताया है, वहाँ के प्रदेश अध्यक्ष ने भगवान राम, माँ सीता और लक्ष्‍मण का अपमान किया है। ये किस तरह के हिन्दुओं से नफरत करने वाले लोग कॉन्‍ग्रेस के शीर्ष पदों पर बैठे हैं, या यही उनकी योग्यता है।

आपको बता दें कि इस बयान के बाद जोरो शोर से इसका विरोध होने लगा तो अपनी बयानों से पलट गए और कहने लगे कि मैंने सिर्फ एक कहानी सुनाई है, जो मैंने बचपन में सुनी थी। किसी को नीचा दिखाने या अपमान करने का इरादा नहीं था। मेरा मकसद लोगों को विभाजित करने का नहीं था।

Congress: हालांकि कॉग्रेसी की हिंदू विरोधी मंसा किसी से छुपी नहीं है चुनाव आते ही हिंदुओं को लुभाने के लिए मंदिर तो जाते हैं लेकिन मन के अंदर उस समय यही चलता होगा कि भगवान तो काल्पिन है काँग्रेस का बस चले तो खुद को ही भगवान मान लें।

वहीं दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल गुजरात में मंदिरों का दौरा कर रहे हैं। हिन्दुओं को झांसा देने के लिए जनसभा में कृष्ण और अर्जुन की कहानियां सुना रहे हैं। लेकिन असल में आम आदमी पार्टी की विचारधार पूरी तरह हिन्दू धर्म विरोधी है। क्योंकि इस पार्टी के जन्मदाता अरविंद केजरीवाल ईसाई संत मदर टरेसा के शिष्य है और उनके ही बताये रास्ते पर चल रहे हैं।

इसलिए आम आदमी पार्टी में वही लोग शामिल है, जो हिन्दू धर्म के देवी-देवताओं को नहीं मानते और इस धर्म को खत्म करना चाहते हैं। इसके लिए वे तरह-तरह के अभियान चला रहे हैं।

इसका प्रमाण दिल्ली में ‘मिशन जय भीम’ कार्यक्रम के दौरान देखने को मिला, जब केजरीवाल सरकार के मंत्री राजेंद्र पाल गौतम लोगों को ब्रह्मा, विष्णु, महेश, राम और कृष्ण को ईश्वर ना मानने और इनकी कभी पूजा नहीं करने की शपथ दिलाई।

राजेन्द्र पाल गौतम के इस ट्वीट के बाद राजनीतिक तूफान उठ खड़ा हुआ है। बीजेपी नेताओं ने इस वीडियो के साथ केजरीवाल सरकार और आम आदमी पार्टी पर निशाना साधा है।

बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष आदेश गुप्ता ने वीडियो के साथ लिखा, ”एक बार फिर AAP का हिंदू विरोधी चेहरा बेनकाब। अरविंद केजरीवाल के मंत्री लोगों से शपथ दिलवा रहे हैं कि मैं किसी ब्रह्मा, विष्णु, महेश को नहीं मानूंगा! तो फिर चुनाव के दौरान मंदिरों में क्या दर्शाने के लिए जाते हो? क्या हिंदू धर्म इतना चुभता है AAP की आंखों में? इतनी नफरत क्यों?”

गौरतलब है कि जब हिंदुओं ने इसका विरोध करना शुरु किया तो अपने बयानो को बदल कर उसको घुमा फिरा कर बचने की कोशिश कि और फिर लोगो से माफी भी मांगी लेकिन जनता सब जानती है।

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By Atul Sharma

बेबाक लिखती है मेरी कलम, देशद्रोहियों की लेती है अच्छे से खबर, मेरी कलम ही मेरी पहचान है।

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